भारतीय स्टार जैवलिन थ्रो एथलीट और ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा ने ब्रुसेल्स में 4 और 5 सितंबर को आयोजित होने वाले डायमंड लीग के फाइनल में अपनी जगह को पक्का करने में कामयाब हो गए हैं। 26 अगस्त की देर रात को डायमंड लीग के आखिरी चरण में ज्यूरिख में इवेंट आयोजित किया गया जिसके खत्म होने के साथ फाइनल में जगह पक्की करने वाले 6 खिलाड़ियों के नामों का भी फैसला हो गया और इसमें नीरज चोपड़ा 12 अंकों के साथ छठे स्थान पर रहे। नीरज चोपड़ा ने ज्यूरिख के इवेंट में हिस्सा नहीं लेने का फैसला लिया ताकि वह डायमंड लीग फाइनल और उसके बाद एशियन गेम्स 2026 के लिए खुद को तरोताजा रखने में कामयाब रहें। नीरज ने इस बार डायमंड लीग के सिर्फ 2 इवेंट में हिस्सा लिया और अपनी जगह पक्की करने में कामयाब रहे।
चोट से वापसी के बाद काफी संभलकर आगे बढ़ रहे नीरज
नीरज चोपड़ा पिछले साल वर्ल्ड चैंपियनशिप के दौरान लगी पीठ की चोट से उबरने के बाद से काफी सावधानी के साथ आगे बढ़ रहे हैं, जिसके चलते उन्होंने डायमंड लीग के सिर्फ 2 इवेंट में हिस्सा लिया। इसके बावजूद वह छह खिलाड़ियों वाले फाइनल में जगह बनाने में सफल रहे। नीरज चोपड़ा ने दोहा डायमंड लीग में 85.69 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ चौथा स्थान हासिल किया था, जबकि इसके बाद उन्होंने लुसाने डायमंड लीग में सीजन का अपना बेस्ट थ्रो 88.05 फेंका। इस बार डायमंड लीग के फाइनल में सबसे ज्यादा अंकों के साथ श्रीलंका के रुमेश थरंगा पथिरागे ने जगह बनाई है जिनके कुल 39 अंक हैं।
डायमंड लीग 2026 के फाइनल में जगह बनाने वाले एथलीट
- रुमेश थरंगा पथिरागे (श्रीलंका) – 39 अंक
- एंडरसन पीटर्स (ग्रेनाडा) – 35 अंक
- केशोर्न वाल्कॉट (त्रिनिदाद एंड टोबैगो) – 23 अंक
- कर्टिस थॉम्पसन (अमेरिका) – 20 अंक
- जूलियस येगो (केन्या) – 13 अंक
- नीरज चोपड़ा (भारत) – 12 अंक
नीरज के लिए रूमेश थरंगा रहेंगे सबसे बड़ी चुनौती
डायमंड लीग 2026 के फाइनल इवेंट में यदि नीरज को कमाल दिखाना है तो उसके लिए उनको रूमेश थरंगा पथिरागे की चुनौती की पार करना होगा। रूमेश ने ज्यूरिख डायमंड लीग में भी हिस्सा लिया जिसमें उन्होंने 92.07 मीटर थ्रो के साथ करियर का दूसरा सबसे लंबा थ्रो किया। ऐसे में नीरज के लिए डायमंड लीग खिताब को जीतना इस बार आसान काम नहीं रहने वाला है।
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