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TMMTMTTM Movie Review: कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे की फिल्म ‘तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी’25 दिसंबर 2025 को सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है. इस बार आपको कार्तिक आर्यन बिलकुल अलग अवतार में नजर आएंगे. इसमें कोई शक नहीं कि अनन्या पांडे और कार्तिक की केमिस्ट्री अच्छी है, जो रणबीर कपूर और दीपिका पादुकोण की याद दिलाती है. इस बार आप कार्तिक के चेहरे पर मुस्कान ही नहीं, बल्कि उनके आंखों में आंसू भी देखेंगे. फिल्म की कहानी आधुनिक रिश्तों की उलझनों और पुरानी सादगी का संगम है.
कार्तिक आर्यन की रोमांटिक कॉमेडी ‘तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी’ सिनेमाघरों में हुई रिलीज.
तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी 3.5
Starring: कार्तिक आर्यन, अनन्या पांडे, नीना गुप्ता, जैकी श्रॉफ, टीकू तलसानिया और अन्यDirector: समीर विद्वांसMusic: विशाल-शेखर
अगर आप रोम-कॉम फिल्मों के दीवाने हैं तो कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे की फिल्म ‘तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी’ आपको पसंद आने वाली है. समीर विद्वान द्वारा निर्देशित और Gen Z को ध्यान में रखकर बनाई गई यह फिल्म काफी रियलिस्टिक लगती है. अक्सर बड़े पर्दे पर प्रेम कहानियां या तो बहुत काल्पनिक होती हैं या बहुत ज्यादा नाटकीय, लेकिन समीर विद्वांस की नई फिल्म ‘तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी’ सादगी और संजीदगी के साथ एक ऐसी कहानी बुनती है, जो आज के युवाओं के साथ-साथ परिवार के बड़ों को भी पसंद आएगी. करण जोहर और धर्मा प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी यह फिल्म एक मॉडर्न रोमांस होने के बावजूद अपनी जड़ों से जुड़ी हुई महसूस होती है.
फिल्म की कहानी रे (कार्तिक आर्यन) और रूमी (अनन्या पांडे) के इर्द-गिर्द घूमती है. रे एक बेफिक्र NRI वेडिंग प्लानर है, जो जिंदगी को बिना किसी गंभीर योजना के जीने में विश्वास रखता है. दूसरी ओर, रूमी एक स्वाभिमानी और स्पष्टवादी लेखिका है. क्रोएशिया की एक यात्रा के दौरान दोनों की मुलाकात होती है. जो शुरुआत एक कैजुअल दोस्ती से होती है, वह धीरे-धीरे गहरे प्यार में बदल जाती है. कहानी में मोड़ तब आता है जब पारिवारिक जिम्मेदारियां और व्यक्तिगत चुनाव उनके रिश्ते के सामने दीवार बनकर खड़े हो जाते हैं. फिल्म बड़ी खूबसूरती से इस सवाल का जवाब तलाशती है कि क्या आज के ‘इंस्टेंट डेटिंग’ के दौर में कोई रिश्ता सिर्फ प्यार के भरोसे टिक सकता है, या उसके लिए अहम बदलाव और त्याग की जरूरत होती है.
दरअसल, रूमी के परिवार में एक उसकी बहन और उनके पिता कर्नल अमर वर्धन सिंह हैं. रूमी की बहन शादी करने वाली है और अपने पति के साथ कनाडा शिफ्ट होने वाली है. वहीं, रे के परिवार में उसकी मां नीना गुप्ता (पिंकी मेहता) है और दोनों लॉस एंजिल्स में रहते हैं. ऐसे में, रूमी नहीं चाहती कि वह अपने पिता को अकेला भारत में छोड़कर विदेश चली जाए, क्योंकि उनके पिता की तबीयत खराब रहती है. इसलिए वह अपने प्यार की कुर्बानी देने को तैयार हो जाती है, लेकिन रे और उसकी मां रूमी को अपने घर लाना चाहती है. इसके बाद क्या होता है, यह जानने के लिए आपको सिनेमाघर जाकर पूरी फिल्म देखनी होगी.
अभिनय की बात करें तो फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसके कलाकार हैं. कार्तिक आर्यन ने एक बार फिर साबित किया है कि वे स्क्रीन पर बेहद सहज नजर आते हैं. फिल्म के सेकंड हाफ में जब उनका किरदार भावनात्मक चुनौतियों से गुजरता है, तो कार्तिक की संवेदनशीलता देखने लायक होती है. वहीं, अनन्या पांडे ने रूमी के किरदार में गजब की स्पष्टता दिखाई है. उन्होंने बिना किसी अति-नाटकीयता के एक आधुनिक महिला के संघर्षों और उसकी भावनाओं को पर्दे पर उतारा है. दोनों के बीच की केमिस्ट्री फिल्म को एक अलग स्तर पर ले जाती है. वहीं, सहायक कलाकारों में नीना गुप्ता ने अपनी ममता भरी अदाकारी से दिल जीता है, तो जैकी श्रॉफ ने अपनी उपस्थिति से कहानी को मजबूती दी है. टीकू तलसानिया का हल्का-फुल्का अंदाज फिल्म के पारिवारिक दृश्यों को खुशनुमा बनाता है.
निर्देशन की बात करें तो समीर विद्वांस का निर्देशन सधा हुआ है. उन्होंने कहानी को बेवजह खींचने के बजाय किरदारों के भावनात्मक विकास पर ध्यान दिया है. करण शर्मा का लेखन फिल्म को शोर-शराबे से दूर रखकर शांति और गहराई प्रदान करता है. अनिल मेहता की सिनेमेटोग्राफी फिल्म का एक और मजबूत पक्ष है. उन्होंने क्रोएशिया की खूबसूरती और भारत की मिट्टी की खुशबू को अपने कैमरों में बेहद खूबसूरती से कैद किया है. विशाल-शेखर का संगीत कहानी की लय के साथ बखूबी चलता है.
फिल्म का सबसे सकारात्मक पहलू इसका संदेश है. यह फिल्म सिर्फ महिलाओं से समझौते की उम्मीद नहीं करती, बल्कि एक पुरुष के नजरिए से उसके विकास और जिम्मेदारी को स्वीकार करने की प्रक्रिया को भी दिखाती है. हालांकि, फिल्म की गति थोड़ी समस्या पैदा करती है. पहले हाफ में कहानी कुछ जगहों पर धीमी महसूस होती है और मेन स्ट्रीम तक पहुंचने में थोड़ा समय लेती है. ‘तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी’ एक बेहतरीन फैमिली एंटरटेनर है. यह फिल्म मनोरंजन के साथ-साथ एक गहरा अहसास भी छोड़ जाती है. मेरी ओर से इस फिल्म को 5 में से 3.5 स्टार.
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Pratik Shekhar is leading the entertainment section in News18 Hindi. He has been working in digital media for the last 12 years. After studying from Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Co…और पढ़ें