ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय मुक्केबाजों का दमदार प्रदर्शन लगातार जारी है। 29 जुलाई को भारतीय बॉक्सिंग टीम ने एक बार फिर शानदार खेल दिखाया। साक्षी चौधरी और अरुंधति चौधरी ने अपने-अपने क्वार्टरफाइनल मुकाबले जीतकर सेमीफाइनल में जगह बना ली। इसके साथ ही दोनों ने भारत के लिए कम से कम ब्रॉन्ज मेडल पक्का कर दिया। भारतीय मुक्केबाजों के शानदार प्रदर्शन से अब बॉक्सिंग में मेडल की संख्या और बढ़ने की उम्मीद है।
साक्षी चौधरी ने एकतरफा जीता मुकाबला
महिला 51 किलोग्राम वर्ग में उतरीं साक्षी चौधरी ने उत्तरी आयरलैंड की कैटलिन फ्रायर्स को एकतरफा अंदाज में 5-0 से हराया। मुकाबले की शुरुआत से ही साक्षी ने आक्रामक खेल दिखाया और अपने प्रतिद्वंद्वी को वापसी का कोई मौका नहीं दिया। तीनों राउंड में पांचों जजों ने साक्षी को बेहतर मुक्केबाज माना। दूसरे राउंड में रेफरी द्वारा एक पॉइंट काटे जाने के बावजूद उनकी जीत पर इसका कोई असर नहीं पड़ा।
इस जीत के साथ साक्षी चौधरी ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के लिए मेडल सुनिश्चित करने वाली पांचवीं मुक्केबाज बन गईं। इससे पहले प्रीति पवार (54 किग्रा), प्रिया घंघास (60 किग्रा) और जादुमणि सिंह (पुरुष 55 किग्रा) अपने-अपने क्वार्टरफाइनल जीतकर सेमीफाइनल में पहुंच चुके हैं। वहीं ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहेन को महिला 75 किलोग्राम वर्ग में केवल पांच मुक्केबाज होने के कारण सीधे सेमीफाइनल में प्रवेश मिला था, जिससे उनका मेडल भी पहले ही पक्का हो गया था।
अरुंधति चौधरी ने भी किया कमाल
साक्षी की जीत के कुछ ही समय बाद भारत को एक और बड़ी सफलता मिली। महिला 70 किलोग्राम वर्ग में अरुंधति चौधरी ने न्यूजीलैंड की मॉर्गन हेंडरसन को कड़े मुकाबले में स्प्लिट डिसीजन से हराकर अंतिम चार में जगह बना ली। इस जीत के साथ अरुंधति ने भी भारत के लिए कम से कम ब्रॉन्ज मेडल सुनिश्चित कर दिया।
अरुंधति की सफलता के बाद कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत के कुल मेडल की संख्या 18 तक पहुंच गई। भारतीय बॉक्सर अब तक 6 मेडल पक्के कर चुके हैं, जबकि कई भारतीय मुक्केबाजों के क्वार्टरफाइनल मुकाबले अभी बाकी हैं। ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि भारतीय बॉक्सिंग दल इस बार कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकता है। भारतीय बॉक्सर्स का कॉमनवेल्थ गेम्स में बेस्ट प्रदर्शन 2018 में आया था। गोल्ड कोस्ट कॉमनवेल्थ गेम्स 2018 में भारत को बॉक्सिंग में 9 मेडल मिले थे।
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