Lauki Suji Dosa Recipe: सुबह का नाश्ता पूरे दिन की एनर्जी तय करता है. ऐसे में हर घर में यही कोशिश रहती है कि कुछ ऐसा बनाया जाए जो स्वाद में भी बढ़िया हो और सेहत के लिए भी अच्छा हो, लेकिन परेशानी तब होती है जब घर के बच्चे या बड़े कुछ सब्जियों को देखकर ही खाने से मना कर देते हैं. लौकी भी ऐसी ही एक सब्जी है, जिसका नाम सुनते ही कई लोगों का मन बन जाता है कि इसे नहीं खाना. जबकि लौकी में भरपूर पानी, फाइबर और कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को हाइड्रेट रखने के साथ पाचन को भी बेहतर बनाने में मदद करते हैं, अगर आप भी लौकी को एक नए और स्वादिष्ट अंदाज में परोसना चाहते हैं, तो यह झटपट बनने वाला लौकी और सूजी का कुरकुरा डोसा आपके लिए शानदार विकल्प हो सकता है.

खास बात यह है कि इसे बनाने के लिए न दाल भिगोने की जरूरत पड़ती है और न ही घंटों तक बैटर को फर्मेंट करने की. राजस्थानी महिला गीता चौधरी की बताई गई यह आसान रेसिपी कुछ ही मिनटों में तैयार हो जाती है. इसका स्वाद इतना अच्छा होता है कि बच्चे भी बिना नखरे किए इसे बड़े चाव से खाते हैं. आइए जानते हैं इस हेल्दी और क्रिस्पी डोसे को बनाने का आसान तरीका.

लौकी का स्मूद पेस्ट तैयार करें
इस रेसिपी की शुरुआत ताजी लौकी से होती है. सबसे पहले लौकी को अच्छी तरह धो लें और उसका छिलका उतार दें. इसके बाद उसे छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें. अब इन टुकड़ों को मिक्सी जार में डालकर थोड़ा पानी मिलाएं और बारीक पीस लें. ध्यान रखें कि पेस्ट पूरी तरह स्मूद होना चाहिए, अगर इसमें मोटे टुकड़े रह जाएंगे तो डोसा फैलाने में परेशानी हो सकती है और उसका टेक्सचर भी सही नहीं आएगा.

सूजी और चावल के आटे का सही मेल
अब एक बड़े बाउल में तैयार लौकी का पेस्ट निकाल लें. इसमें एक कप चावल का आटा और आधा कप सूजी डालें. यह दोनों चीजें डोसे को खास बनाती हैं. चावल का आटा डोसे को हल्का और जालीदार बनाता है, जबकि सूजी उसे शानदार कुरकुरापन देती है. अब थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए घोल तैयार करें. घोल बनाते समय इस बात का ध्यान रखें कि उसमें कोई गांठ न रहे.

स्वाद बढ़ाने के लिए मिलाएं मसाले
अब इस बैटर को और ज्यादा टेस्टी बनाने की बारी है. इसके लिए इसमें बारीक कटी प्याज, हरा धनिया, हरी मिर्च, जीरा और स्वाद के मुताबिक नमक डाल दें. जीरा और हरी मिर्च का स्वाद इस डोसे को देसी फ्लेवर देता है. वहीं प्याज और धनिया इसकी खुशबू और टेस्ट को कई गुना बढ़ा देते हैं. सभी चीजों को अच्छी तरह मिलाकर बैटर तैयार कर लें.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

घोल का सही टेक्सचर है सबसे जरूरी
इस रेसिपी की सबसे खास बात इसका पतला घोल है. यह बैटर सामान्य डोसे के मुकाबले काफी पतला होना चाहिए. इसका टेक्सचर लगभग छाछ जैसा होना चाहिए. अगर घोल ज्यादा गाढ़ा होगा तो डोसा कुरकुरा नहीं बनेगा और उसमें जालियां भी नहीं आएंगी. इसलिए जरूरत के हिसाब से थोड़ा और पानी मिलाकर बैटर को सही कंसिस्टेंसी दें.

तवे पर ऐसे फैलाएं डोसा
अब एक नॉन-स्टिक तवा या डोसा पैन गैस पर रखें और उसे अच्छी तरह गर्म होने दें. तवा गर्म हो जाए तो आंच को मीडियम कर दें. एक कड़छी में बैटर भरें और उसे तवे पर बाहर से अंदर की तरफ गोल घुमाते हुए डालें. घोल पतला होने की वजह से डोसे में अपने आप सुंदर जालियां बनने लगेंगी, जो इसे देखने में भी आकर्षक बनाती हैं. जब डोसा हल्का सिकने लगे तो उसके किनारों और बीच में थोड़ा सा तेल या घी लगा दें.

मीडियम आंच पर करें परफेक्ट कुकिंग
-डोसे को हमेशा मध्यम आंच पर ही पकाएं, अगर आंच बहुत तेज होगी तो डोसा ऊपर से तो सिक जाएगा लेकिन उसका असली कुरकुरापन नहीं आएगा. धीरे-धीरे पकने पर डोसे का रंग गोल्डन ब्राउन होने लगता है और उसके किनारे तवे से खुद अलग होने लगते हैं. यही संकेत है कि डोसा पूरी तरह तैयार हो चुका है. इस डोसे को पलटने की जरूरत नहीं पड़ती. तैयार होने के बाद इसे तवे से निकालें और रोल करके नारियल चटनी, हरी चटनी या टमाटर की चटनी के साथ सर्व करें.

क्यों है यह नाश्ता खास?
लौकी, सूजी और चावल के आटे से बना यह डोसा स्वाद और सेहत का बेहतरीन मेल है. इसमें तेल भी कम लगता है और इसे तैयार करने में ज्यादा समय भी नहीं लगता. व्यस्त सुबह में यह रेसिपी एक परफेक्ट ऑप्शन साबित हो सकती है. साथ ही यह उन लोगों के लिए भी अच्छा विकल्प है जो अपने खाने में ज्यादा सब्जियां शामिल करना चाहते हैं.



Source link

Write A Comment