Kolkata Style Mishti Doi Recipe: गर्मियों की दोपहर हो या कोई खास त्योहार, बंगाल की मशहूर ‘मिष्टी दोई’ का नाम सुनते ही मुंह में पानी आ जाता है. यह सिर्फ एक मिठाई नहीं, बंगाल की पहचान भी है. मिट्टी के सोंधेपन और गुड़ की मिठास से तैयार यह मिष्टी दोई गाढ़ी दही है जिस पर मोटी मलाई जमी होती है. आप आइसक्रीम की जगह बच्चों को खिला सकते हैं, और वे इसे काफी पसंद भी करेंगे. अक्सर लोग सोचते हैं कि बाजार जैसी परफेक्ट मिष्टी दोई घर पर नहीं बन सकती, लेकिन यकीन मानिए, इसे बनाना बेहद आसान है.
Mishti Doi Recipe : मिष्टी दोई बनाने की विधि
बस थोड़े से धैर्य और सही तकनीक के साथ आप भी अपने किचन में कुल्हड़ वाली शाही मिष्टी दोई तैयार कर सकते हैं. तो चलिए जानते हैं इसे बनाने का तरीका.
मिष्टी दोई की सामग्री:
फुल क्रीम दूध: 1 लीटर (गाढ़ापन लाने के लिए)
गुड़: 300 ग्राम (स्वाद के अनुसार कम या ज्यादा कर सकते हैं)
दही (जामन के लिए): 2 टी स्पून (ताजा और गाढ़ा)
मिष्टी दोई बनाने की विधि:
1. दूध को गाढ़ा करना:
सबसे पहले एक भारी तले वाले पैन या कड़ाही में 1 लीटर फुल क्रीम दूध डालें. इसे धीमी आंच पर तब तक उबालें जब तक कि यह अपनी मूल मात्रा का लगभग एक चौथाई ($1/4$) न रह जाए. दूध को बीच-बीच में चलाते रहें ताकि वह तले में चिपके नहीं और किनारे पर जमने वाली मलाई को भी खुरचकर दूध में मिलाते रहें. इससे दोई बेहद मलाईदार बनेगी.
2. गुड़ का मिश्रण:
जब दूध गाढ़ा हो जाए, तो आंच धीमी कर दें और इसमें 300 ग्राम गुड़ डालें. गुड़ को छोटे टुकड़ों में तोड़कर डालें ताकि वह जल्दी घुल जाए. इसे तब तक चलाएं जब तक गुड़ और दूध एक जान न हो जाएं. इसे करीब 5 मिनट तक और पकाएं ताकि गुड़ का कच्चापन निकल जाए और दूध का रंग हल्का कैरामेल (भूरा) हो जाए.
3. ठंडा करने की प्रक्रिया:
गुड़ मिल जाने के बाद, मिश्रण को आंच से उतार लें. अब इसे रूम टेम्परेचर पर ठंडा होने के लिए रख दें. ध्यान रहे कि दूध पूरी तरह ठंडा नहीं होना चाहिए; इसे लगभग 40°C तक आने दें. यानी दूध इतना गुनगुना हो कि आप उसमें उंगली डालें तो वह जले नहीं.
4. जामन (दही) मिलाना:
एक छोटी कटोरी में 2 चम्मच दही लें और उसे अच्छी तरह फेंट लें ताकि उसमें कोई गांठ न रहे. अब इस दही को गुनगुने दूध के मिश्रण में डालें और अच्छी तरह मिला दें.
5. जमाने का तरीका:
अब इस मिक्सचर को मिट्टी के बर्तन या टेराकोटा के कुल्हड़ में डालें. मिट्टी के बर्तन दही का अतिरिक्त पानी सोख लेते हैं, जिससे मिष्टी दोई एकदम केक की तरह गाढ़ी जमती है. इसे ढककर किसी गर्म जगह पर 7-8 घंटे या पूरी रात जमने के लिए छोड़ दें.
6. सर्व करें:
जब दही पूरी तरह जम जाए, तो इसे 2-3 घंटे के लिए फ्रिज में रख दें. ठंडी-ठंडी मिष्टी दोई सर्व करने के लिए तैयार है!
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