बिहार के मोतिहारी जिला के हरसिद्धि थाना क्षेत्र में अपनी मां की हत्या के बाद लूट और अपहरण की झूठी कहानी रचने वाले एक अपराधी बेटे को पुलिस ने महज 12 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के पास से हत्या में इस्तेमाल हुआ खून लगा डैगर चाकू भी बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे मात्र 45 हजार रुपये की रकम की बात सामने आई है। मृतका नजमा खातून अपने बेटे आलम हुसैन के साथ अरेराज बैंक से 45 हजार रुपये निकालकर मोटरसाइकिल से घर लौट रही थीं। इसी दौरान खोरी-पाकड़ चिमनी के पास चार अपराधियों द्वारा दोनों को रोककर मारपीट करने और नजमा खातून को रुपये सहित अपने साथ ले जाने की बात सामने आई। घटना की सूचना मिलने के बाद हरसिद्धि थाना में प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू की गई।
बेटे से पूछताछ के दौरान पुलिस को हुआ शक
मोतिहारी पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल के साथ-साथ आसपास के रास्तों की जांच की और इलाके में लगी सीसीटीवी फुटेज खंगाली। यहीं से पुलिस को कहानी में पहला बड़ा पेंच नजर आया। सीसीटीवी फुटेज में मृतका नजमा खातून अपने बेटे आलम हुसैन के साथ सेवराहा की ओर जाती हुई दिखाई दीं। फुटेज में पीछे से किसी संदिग्ध व्यक्ति के आने की बात सामने नहीं आई।
इसके बाद पुलिस ने आलम हुसैन से पूछताछ शुरू की। पूछताछ के दौरान उसके बयान में लगातार विरोधाभास सामने आने लगा। पुलिस को जांच के दौरान घटनास्थल से कुछ दूरी पर मृतका और आलम हुसैन की चप्पलें भी बरामद हुईं। वहीं, आलम हुसैन के शरीर पर चोट का निशान और घटना के समय पहने कपड़े पर खून के धब्बे मिले। इन सबूतों के सामने आने के बाद पुलिस का शक और गहरा हो गया और मामले की जांच की दिशा बदल गई।
ईख के खेत में की माँ की हत्या
लगातार पूछताछ के बाद पुलिस के अनुसार, आलम हुसैन ने पूरी घटना का खुलासा किया। पुलिस को दिए बयान में उसने बताया कि वह अपनी मां के साथ से अरेराज बैंक से पैसे निकालने गया था। इसके बाद उसने एक व्यक्ति से मोटरसाइकिल मांगी और वहीं से डैगर खरीदा। सेवराहा में मां का इंतजार करने के बाद वह उन्हें मोटरसाइकिल पर बैठाकर खोरी-पाकड़ चिमनी के पास ले गया। पुलिस के मुताबिक, वहां आलम ने अपनी मां से कहा कि ईख के खेत में चावल का बोरा रखा हुआ है।
जब नजमा खातून चावल लेने के लिए खेत की ओर गईं, तभी आरोपी ने डैगर से उनकी हत्या कर दी। इसके बाद उसके पास मौजूद 45 हजार रुपये ले लिए और डैंगर सहित अन्य सामान ईख के खेत में फेंक दिया। बाद में उसमें घटना को लूट और अपहरण का रूप देने के लिए उसने पुलिस के सामने झूठी कहानी रची।
हत्या के बाद रची झूटी कहानी
पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपी ने घटना को लूट और अपहरण का रूप देने के लिए झूठी कहानी तैयार की। वह सड़क पर लेटकर रोने लगा और ग्रामीणों को बताया कि अपराधियों ने उसकी मां को पैसे सहित उठा लिया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 12 घंटे में पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया। आरोपी आलम हुसैन को गिरफ्तार कर लिया गया है। घटना में प्रयुक्त खून लगा डैगर चाकू भी बरामद किया गया है। पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। इस पूरी कार्रवाई में पुलिस की जांच, सीसीटीवी फुटेज और आरोपी के बयानों में मिले विरोधाभास ने हत्या की गुत्थी सुलझाने में अहम भूमिका निभाई।
मोतिहारी से अरविन्द कुमार की रिपोर्ट
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