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Nishaanchi Movie Review: फिल्म ‘निशानची’ एक मसाला ड्रामा है, जिसे पर्दे पर लाने में अनुराग कश्यप को 9 साल लगे. बाल ठाकरे के पोते ऐश्वर्य ठाकरे इस फिल्म से बॉलीवुड में डेब्यू कर रहे हैं. तो चलिए आपको बताते हैं कैसी है यह फिल्म.

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अनुराग कश्यप ने फिल्म ‘निशानची’ पर आज से 9 साल पहले काम शुरू किया था.

निशानची 2.5

19 सितंबर 2025|हिंदी177 मिनट|क्राइम ड्रामा

Starring: ऐश्वर्य ठाकरे, मोनिका पंवार, वेदिका पिंटो, मोहम्मद जीशान अय्यूब, कुमुद मिश्रा और अन्यDirector: अनुराग कश्यपMusic: आरती बजाज

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अनुराग कश्यप की मोस्ट अवेटेड फिल्म ‘निशानची’ आज सिनेमाघरों में रिलीज हो गई. अनुराग कश्यप ने कहा का कहना है कि उन्हें ‘निशानची’ बनाने में 9 साल लग गए. वह इस फिल्म को लेकर किसी भी चीज के साथ समझौता नहीं करना चाहते, इसी वजह ‘निशानची’ को बनने में इतना वक्त लगा. आखिरकार 19 सितंबर को यह फिल्म सिनेमाघरों में रिलीज हो हुई. यह अनुमान लगाना मुश्किल है कि अनुराग द्वारा निर्देशित इस फिल्म को दर्शक कितना पसंद करेंगे. इस फिल्म से बाल ठाकरे के पोते ऐश्वर्य ठाकरे बॉलीवुड में बतौर मुख्य अभिनेता डेब्यू कर रहे हैं और उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया है. उन्होंने अपनी पहली फिल्म के लिए काफी मेहनत की है, जो फिल्म में साफ दिखाई देती है.

ऐश्वर्य ठाकरे फिल्म में दोहरी भूमिका निभा रहे हैं और दोनों ही किरदारों को उन्होंने अद्भुत कुशलता से निभाया है. अनुराग के निर्देशन ने ऐश्वर्य के अभिनय कौशल का बखूबी उपयोग किया है. ऐश्वर्य के साथ, फिल्म में मोनिका पंवार, वेदिका पिंटो, मोहम्मद जीशान अय्यूब और कुमुद मिश्रा भी प्रमुख भूमिकाओं में हैं. तो चलिए सबसे पहले आपको फिल्म की कहानी के बारे में बताते हैं. 2012 में, अनुराग ने एक ऐसी फिल्म बनाई जिसने उनके करियर को एक बड़ी उड़ान दी, ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’. हम ‘निशानची’ की तुलना उस फिल्म से नहीं कर सकते, लेकिन यह जरूर कह सकते हैं कि ‘निशानची’ को ज्यादा दिनों तक याद नहीं रखा जाएगा.

फिल्म की कहानी दो जुड़वां भाइयों: बबलू निशानची और डबलू निशानची पर केंद्रित है. उनके पिता की हत्या बचपन में ही उनके अपने अपराधी चाचा अंबिका प्रसाद द्वारा कर दी जाती है, जिसका किरदार कुमुद मिश्रा ने निभाया है. हालांकि दोनों भाइयों को इस बात का पता नहीं होता. डबलू बचपन से ही दोनों भाइयों में ज्यादा गुस्सैल और धाकड़ किस्म का रहा है, और उसका चाचा अंबिका इसका फायदा उठाता है और उसे एक हत्या करने के लिए उकसाता है, जिसके कारण उसे 7 साल की जेल हो जाती है. जेल से बाहर आने पर, उसकी नजरें वेदिका पिंटो द्वारा अभिनीत जीवंत रिंकी पर पड़ती हैं. इस लड़की की वजह से वह अंबिका से दुश्मनी कर बैठता है और एक बार फिर से उसे 7 साल के लिए जेल जाना पड़ता है.

कहानी यहीं खत्म नहीं होती… डबलू के जेल जाने के बाद, रिंकी और बबलू के बीच नजदीकियां बढ़ती हैं और वे प्यार में पड़ जाते हैं. क्या रिंकी दोनों भाइयों के बीच दुश्मनी की आग भड़काएगी? क्या बबलू और डबलू को अपने पिता की हत्या का पता चलेगा? क्या अंबिका का पर्दाफाश होगा? इन सभी सवालों के जवाब जानने के लिए आपको थिएटर जाकर पूरी फिल्म देखनी होगी. कहानी कुछ नई नहीं है, लेकिन ऐश्वर्य का अभिनय इसे जीवंत बना देता है, वह इस फिल्म की जान हैं और इस फिल्म को सिर्फ आप ऐश्वर्य के लिए चाहें तो देख सकते हैं.

फिल्म की कहानी छोटी है, लेकिन इसे बहुत लंबा बना दिया गया है, जिससे फिल्म शुरू से ही धीमी और उबाऊ लगती है. अगर अनुराग कश्यप ने इस 177 मिनट की फिल्म को 120 मिनट का कर दिया होता, तो यह और भी बेहतर हो सकती थी. मैं अनुराग के निर्देशन या कलाकारों के अभिनय में कोई कमी नहीं कह सकता… सब कुछ अच्छा है, बस कहानी थोड़ी घिसी-पिटी है, पुराने बॉलीवुड अंदाज में. कुल मिलाकर, आप इस फिल्म को अपने जोखिम पर देख सकते हैं. मेरी ओर से फिल्म ‘निशानची’ को 5 में से 2.5 स्टार.

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Pratik Shekhar

Pratik Shekhar is leading the entertainment section in News18 Hindi. He has been working in digital media for the last 12 years. After studying from Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Co…और पढ़ें



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