आजकल लोग अपनी डाइट में गेहूं के साथ मोटे अनाज यानी मिलेट्स को भी शामिल कर रहे हैं. इनमें रागी यानी मड़ुआ भी काफी पसंद किया जा रहा है. रागी से रोटी, इडली, डोसा और चीला जैसी कई चीजें बनाई जाती हैं. इसमें फाइबर, कैल्शियम और प्रोटीन जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं. बाजार में रागी का आटा आसानी से मिल जाता है, लेकिन अगर आप चाहें तो घर पर भी रागी का आटा तैयार कर इसकी स्वादिष्ट रोटी बना सकते हैं.
खंडवा में कुछ महिलाएं मिलकर लोगों को पुराने समय के मोटे अनाज से बनी रोटी का स्वाद करा रही हैं. इनके यहां रागी, ज्वार, मक्का और बाजरे से तैयार मल्टीग्रेन रोटी की थाली मिलती है. साथ ही रागी की इडली भी तैयार की जाती है.
महिलाओं ने इसका नाम आरंभ मल्टीग्रेन रखा है. यहां लोग खास तौर पर रागी और मल्टीग्रेन की रोटी खाने पहुंच रहे हैं. खास बात यह है कि इन रोटियों का आटा तैयार करने से लेकर रोटी बनाने तक का काम महिलाएं अपने हाथों से करती हैं.
कोरोना के समय आया था आइडिया
आरंभ मल्टीग्रेन की शुरुआत करने वाली स्मिता बरौले बताती हैं कि कोरोना के समय उन्हें लगा कि लोगों को पुराने समय के पौष्टिक भोजन की तरफ दोबारा लौटना चाहिए. इसी सोच के साथ उन्होंने ज्वार, मक्का, बाजरा और रागी को मिलाकर मल्टीग्रेन रोटी बनाना शुरू किया.शुरुआत से ही लोगों का अच्छा रिस्पांस मिलने लगा. अब उनके यहां बुजुर्गों के साथ युवा और कई लोग भी रागी और मल्टीग्रेन की रोटी खाने पहुंचते हैं.
घर पर ऐसे बनाएं रागी की रोटी
स्मिता बरौले बताती हैं कि घर पर रागी की नरम रोटी बनाना थोड़ा अलग तरीके से होता है. रागी का आटा गेहूं के आटे की तरह आसानी से नहीं बंधता, इसलिए इसे गर्म पानी से तैयार करना बेहतर रहता है.
सबसे पहले पानी करें गर्म
एक बर्तन में पानी गर्म करें. इसमें स्वादानुसार नमक और थोड़ा सा घी डाल सकते हैं. पानी में अच्छी तरह उबाल आने के बाद गैस धीमी कर दें.
उबलते पानी में डालें रागी का आटा
अब गर्म पानी में रागी का आटा डालकर चम्मच की मदद से अच्छी तरह मिलाएं. आटा पानी को सोख लेगा. इसके बाद गैस बंद कर दें और बर्तन को करीब 5 मिनट के लिए ढककर रख दें. इससे आटा भाप में थोड़ा पक जाएगा और उसे गूंथना आसान हो जाएगा.
गुनगुने आटे को अच्छी तरह गूंथें
अब आटे को परात में निकाल लें. हाथों में थोड़ा पानी या घी लगाकर इसे अच्छी तरह गूंथें. करीब 2 से 3 मिनट तक गूंथने के बाद आटा चिकना हो जाएगा. अगर आटा ज्यादा सूखा लगे तो थोड़ा-थोड़ा गुनगुना पानी डालकर इसे नरम किया जा सकता है. हाथ से तैयार करें रोटी अब आटे की छोटी-छोटी लोइयां बना लें. रागी की रोटी को बेलना गेहूं की रोटी से थोड़ा मुश्किल हो सकता है, इसलिए इसे प्लास्टिक शीट या गीले कपड़े की मदद से हाथ से थपथपाकर भी आकार दिया जा सकता है. इसके बाद गर्म तवे पर रोटी डालें और दोनों तरफ से अच्छी तरह सेंक लें. चाहें तो ऊपर से थोड़ा घी भी लगा सकते हैं.
रोज यहां रागी की रोटी खाने पहुंचते हैं लोग
राहुल पवार बताते हैं कि वह रोज यहां रागी की इडली और मल्टीग्रेन रोटी खाने आते हैं. उनका कहना है कि घर पर रागी की रोटी बनाना थोड़ा मुश्किल लगता है, इसलिए यहां आकर खाने का मौका मिल जाता है. यहां करीब 100 रुपए की थाली में मल्टीग्रेन या रागी की रोटी के साथ सब्जी, दाल और चावल भी मिलते हैं. ज्वार, मक्का और बाजरे की रोटी का विकल्प भी रहता है.