स्कॉटलैंड के ग्लासगो शहर में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में जैवलिन थ्रो के फाइनल इवेंट में सभी भारतीय फैंस की नजरें नीरज चोपड़ा और पाकिस्तानी अरशद नदीम के बीच होने वाले मुकाबले पर थी, लेकिन साल 2024 के पेरिस ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतने वाले अरशद नदीम तीसरा राउंड खत्म होने के साथ ही बाहर हो गए। अरशद नदीम ने मेडल इवेंट में अपना सबसे अच्छा थ्रो दूसरे राउंड में फेंका था जो 77.41 मीटर का था, लेकिन इसके बावजूद वह टॉप-8 में अपनी जगह बनाने में कामयाब नहीं हो सके और उनकी घर वापसी हो गई। वहीं इस मेडल इवेंट में श्रीलंका के पूर्व क्रिकेट खिलाड़ी रूमेश थरंगा पथिरागे का कमाल देखने को मिला जिन्होंने 89.75 मीटर थ्रो के साथ गोल्ड मेडल को अपने नाम किया।
पाकिस्तानियों की दुआ भी नहीं आई नदीम के काम
अरशद नदीम ने CWG 2026 में जैवलिन के क्वालिफिकेशन राउंड में 78.63 मीटर का थ्रो करने के साथ मेडल इवेंट के लिए अपनी जगह को पक्का किया था। वहीं इसके बाद उन्होंने फाइनल से पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट करने के साथ पाकिस्तानी फैंस से उनके लिए दुआ करने के लिए कहा था। हालांकि इसके बावजूद मेडल इवेंट में अरशद नदीम पूरी तरह लय से भटके हुए दिखाई दिए जिसमें पहले राउंड में जहां उन्होंने फाउल कर दिया तो दूसरे राउंड में 77.41 मीटर का थ्रो किया। तीसरे राउंड में अरशद पर बेहतर प्रदर्शन का दबाव साफतौर पर था, जिसमें बाहर होने का खतरा मंडरा था, लेकिन वह 75.39 मीटर का थ्रो करने में ही कामयाब हो सके और तीसरा राउंड खत्म होने पर 9वें नंबर पर होने की वजह से उनका सफर यहीं से खत्म हो गया।
श्रीलंकाई रूमेश पथिरागे थरंगा का दिखा एकबार फिर से कमाल
जैवलिन थ्रो के मेडल इवेंट में गोल्ड को अपने नाम श्रीलंका के पूर्व क्रिकेट खिलाड़ी रहे रूमेश पथिरागे थरंगा ने किया जिन्होंने दूसरे राउंड में 89.75 मीटर का थ्रो किया और उसे कोई भी एथलीट पार नहीं कर सका। रूमेश का पिछले एक साल में जैवलिन के कई इंटरनेशनल इवेंट में दबदबा साफतौर पर देखने को मिला है। वहीं इस इवेंट में भारत के नीरज चोपड़ा ने 85.83 मीटर के साथ सिल्वर मेडल जबकि 24 साल के यश वीर सिंह ने 85.41 मीटर का थ्रो करने के साथ कांस्य पदक जीता।
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