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तीज के त्योहार पर बाजार की जगह घर पर बनी अनरसा मिठाई की जबरदस्त मांग है. इसे बनाने के लिए चावल, चीनी और खोआ जैसी साधारण चीजें चाहिए. लेकिन इसका असली स्वाद और खुशबू एक खास चीज से आती है. जानिए इसे घर पर ही बेहद स्वादिष्ट बनाने का आसान तरीका.

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पलामूः हरितालिका तीज का त्यौहार सुहागिन महिलाओं के लिए बेहद खास होता है. तीज के अवसर पर महिलाएं पूजा-पाठ के साथ मिठाइयों की खरीदारी भी करती हैं. इनमें अनरसा की खास मांग रहती है. यह मिठाई यूं तो गया का फेमस मिठाई है. जिसका नाम सुनते हीं लोगों के मुंह में पानी आ जाता है.

बता दें कि गया की मशहूर मिठाई अनरसा का नाम सुनते ही लोगों के मुंह में पानी आ जाता है. चावल, चीनी, खोआ और तिल से तैयार होने वाली यह पारंपरिक मिठाई बिहार ही नहीं, झारखंड के लोगों के बीच भी काफी लोकप्रिय है. खासकर हरितालिका तीज के मौके पर इसकी मांग बढ़ जाती है. पूजा-पाठ की तैयारियों के बीच मिठाई की दुकानों पर भीड़ उमड़ रही है और पलामू में गया के स्वाद वाला अनरसा लोगों की पहली पसंद बना हुआ है.

घर पर बना सकते हैं अनरसा
बता दे कि पलामू जिला मुख्यालय मेदिनीनगर के शहर बाजार में अनरसा की डिमांड बढ़ गई है. महिलाएं घर पर भी अनरसा तैयार कर रही है. वहीं बाजार के शिवा अनरसा भंडार पर इन दिनों अनरसा खरीदने वालों की भीड़ देखी जा रही है. पिछले करीब 20 वर्षों से यहां अनरसा तैयार कर बेच रहे पिंटू कुमार बताते हैं कि उनके परिवार का मूल संबंध गया से है. उनके परिवार की खानदानी दुकान गया में ही थी. करीब दो दशक पहले पलामू आने के बाद उन्होंने यहां अनरसा बनाने और बेचने का काम शुरू किया.

पिंटू कुमार ने कहा कि जब उन्होंने पलामू में यह कारोबार शुरू किया था, उस समय शहर में अनरसा की कोई खास दुकान नहीं थी. लोगों को गया के स्वाद वाला अनरसा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शिवा अनरसा भंडार की शुरुआत की गई. धीरे-धीरे लोगों को स्वाद पसंद आया और दुकान की पहचान बनती चली गई. आज आसपास के इलाकों में भी इस दुकान के अनरसे की अच्छी मांग है.

पिंटू कुमार ने कहा कि अनरसा तैयार करने के लिए सबसे पहले चावल को पीसकर उसमें चीनी मिलाई जाती है. इस मिश्रण को दो-तीन घंटे तक रखा जाता है. इसके बाद इसे अच्छी तरह गूंथकर छोटे-छोटे हिस्से तैयार किए जाते हैं. प्रत्येक हिस्से में खोआ भरकर गोल आकार दिया जाता है. अंत में इसे तेल में तलकर तैयार किया जाता है. ऊपर से तिल की परत इसके स्वाद और खुशबू को और खास बना देती है. पिंटू कुमार ने कहा कि अच्छे स्वाद के लिए वे गुणवत्तापूर्ण खोआ का इस्तेमाल करते हैं.

फिलहाल शिवा अनरसा भंडार में अनरसा 15 रुपये प्रति पीस और करीब 200 रुपये किलो की दर से उपलब्ध है. दुकान सुबह नौ बजे से रात नौ बजे तक खुलती है. तीज के कारण बिक्री बढ़ने से दुकानदार भी उत्साहित हैं. पलामू आने वाले लोग अगर गया के अनरसे जैसा स्वाद लेना चाहते हैं, तो यहां का अनरसा जरूर चख सकते हैं.

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Prashun Singh

प्रसून सिंह को मीडिया में 7 साल काम करने का अनुभव है. खबरों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर रोचक अंजाद में पेश करना खासियत है. दैनिक भास्कर अखबार में इंटर्नशिप के साथ करियर की शुरुआत हुई.

इसके बाद ETV Bharat (बिहार)…

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